बागेश्वर। सोशल मीडिया पर प्रसारित फोटो एवं वीडियो में भारतीय जनता पार्टी कार्यालय, बागेश्वर की साफ-सफाई के दौरान उत्तराखंड फायर एंड इमरजेंसी सर्विस की बस संख्या UK07GA-3298, फायर कर्मी तथा भाजपा कार्यकर्ता एक साथ दिखाई दे रहे हैं। इन तस्वीरों और वीडियो के वायरल होने के बाद लोगों के बीच इस मामले को लेकर चर्चा शुरू हो गई है।

सोशल मीडिया पर कई लोग यह सवाल उठा रहे हैं कि क्या सरकारी फायर ब्रिगेड के वाहनों और संसाधनों का उपयोग किसी राजनीतिक दल के कार्यालय की धुलाई एवं सफाई के लिए किया जा सकता है? यदि ऐसा किया गया है, तो इसके लिए कौन-सा नियम या प्रशासनिक अनुमति लागू होती है?

लोग यह भी जानना चाहते हैं कि यदि फायर विभाग इस प्रकार की सेवा उपलब्ध कराता है, तो क्या आम नागरिक भी अपने घर, दुकान, विद्यालय, धार्मिक स्थल या अन्य निजी परिसरों की सफाई के लिए निर्धारित प्रक्रिया और शुल्क के तहत फायर ब्रिगेड की सेवा प्राप्त कर सकते हैं?

फिलहाल इस संबंध में संबंधित विभाग या प्रशासन की ओर से कोई आधिकारिक बयान सार्वजनिक रूप से सामने नहीं आया है। ऐसे में यह आवश्यक हो जाता है कि संबंधित अधिकारी पूरे मामले पर स्थिति स्पष्ट करें, ताकि यह साफ हो सके कि फायर वाहन का उपयोग किस उद्देश्य और किस अनुमति के आधार पर किया गया।

(नोट: यह समाचार सोशल मीडिया पर प्रसारित फोटो एवं वीडियो के आधार पर तैयार किया गया है। यदि संबंधित विभाग, जिला प्रशासन या भारतीय जनता पार्टी की ओर से कोई आधिकारिक स्पष्टीकरण प्राप्त होता है, तो उसे भी प्रमुखता से प्रकाशित किया जाएगा।)**