पिथौरागढ़। जिलाधिकारी आशीष कुमार भट्टगाई ने मंगलवार देर शाम जिला अस्पताल का औचक निरीक्षण कर अस्पताल में संचालित व्यवस्थाओं का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने अस्पताल परिसर की स्वच्छता, सुरक्षा व्यवस्था, कर्मचारियों की ड्यूटी तथा मरीजों को उपलब्ध कराई जा रही स्वास्थ्य सुविधाओं का बारीकी से निरीक्षण किया।
व्यवस्थाओं में लापरवाही मिलने पर जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों एवं कर्मचारियों को कड़ी फटकार लगाते हुए स्पष्ट किया कि जिला अस्पताल जैसी महत्वपूर्ण स्वास्थ्य संस्था में किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने ईएनएसएम लॉरेंस, सुचित्रा ग्वाल, नर्सिंग ऑफिसर तथा वीर राम, पीआरडी के विरुद्ध नियमानुसार तत्काल कार्रवाई करने के निर्देश दिए। वहीं बसंती मेहता से स्पष्टीकरण मांगने के निर्देश भी दिए गए।
जिलाधिकारी ने पीएमएस डॉ. डीपी सिंह को अस्पताल की व्यवस्थाओं की नियमित निगरानी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि अस्पताल में कार्यरत सभी कर्मचारियों को रोस्टर के आधार पर स्पष्ट जिम्मेदारियां सौंपी जाएं और यह सुनिश्चित किया जाए कि प्रत्येक कर्मचारी अपनी निर्धारित जिम्मेदारी का पूरी निष्ठा एवं समयबद्धता से निर्वहन करे।
मरीजों और तीमारदारों से लिया फीडबैक औचक निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने अस्पताल में भर्ती मरीजों और उनके तीमारदारों से बातचीत कर स्वास्थ्य सुविधाओं का फीडबैक लिया। उन्होंने उपचार, दवाइयों की उपलब्धता और अस्पताल की अन्य व्यवस्थाओं के संबंध में जानकारी प्राप्त की। उन्होंने चिकित्सकों एवं अस्पताल प्रबंधन को मरीजों की समस्याओं का प्राथमिकता के आधार पर समाधान करने तथा आवश्यक उपचार और दवाइयां समय पर उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।
सड़क हादसे में घायल मरीज का जाना हाल जिलाधिकारी ने विगत दिवस घाट-पनार राजमार्ग पर हुए सड़क हादसे में घायल होकर जिला अस्पताल में भर्ती मरीज के स्वास्थ्य और उपचार की भी जानकारी ली। उन्होंने चिकित्सकों से मरीज की वर्तमान स्वास्थ्य स्थिति, उपचार और उपलब्ध चिकित्सा सुविधाओं के बारे में जानकारी प्राप्त की।
उन्होंने चिकित्सकों को घायल मरीज को हर संभव बेहतर उपचार उपलब्ध कराने तथा आवश्यकता पड़ने पर उच्चस्तरीय चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। डीएम ने कहा कि मरीज के उपचार में किसी भी प्रकार की कमी नहीं रहनी चाहिए।
जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया कि जिला अस्पताल में स्वच्छता, मरीजों की सुविधा और गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं प्रशासन की प्राथमिकताओं में शामिल हैं। उन्होंने चेतावनी दी कि भविष्य में अस्पताल की व्यवस्थाओं में किसी भी प्रकार की लापरवाही सामने आने पर संबंधित अधिकारी या कर्मचारी की जवाबदेही तय करते हुए नियमानुसार कठोर कार्रवाई की जाएगी । DIPR


