डीडीहाट। विकासखंड के लगभग 20–22 गांवों को मुख्यालय से जोड़ने वाला सानदेव–तुरंगोली मोटर मार्ग एक बार फिर चर्चा में है। बताया जा रहा है कि लगभग 7–8 वर्ष पूर्व प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना (PMGSY) के अंतर्गत निर्मित इस सड़क का रखरखाव अभी भी ठेकेदार के जिम्मे है। इसके बावजूद मार्ग के कई हिस्सों की स्थिति चिंताजनक बनी हुई है।
मानसून की शुरुआत के साथ हल्द्वानी गांव के पास मलबा आने से सड़क कुछ समय के लिए पूरी तरह बंद हो गई थी। स्थानीय ग्रामीणों ने स्वयं प्रयास कर मार्ग को अस्थायी रूप से खोल दिया, लेकिन क्षेत्रवासियों का कहना है कि यदि जल्द स्थायी समाधान नहीं किया गया तो लगातार बारिश के दौरान आवागमन फिर बाधित हो सकता है।
ग्रामीणों के अनुसार चुपड़ाखेत सहित कई स्थानों पर सड़क क्षतिग्रस्त है और कई हिस्सों से गुजरना जोखिम भरा हो गया है। यह मार्ग क्षेत्र के लगभग 20–22 गांवों के लिए मुख्य संपर्क मार्ग होने के कारण लोगों की चिंता बढ़ गई है।
उल्लेखनीय है कि इसी सड़क के सुधारीकरण की मांग को लेकर पूर्व में आंदोलन भी हुआ था। आंदोलन में शामिल कुछ लोगों पर मुकदमा दर्ज किया गया था, जिसकी सुनवाई अभी भी जारी बताई जाती है। वहीं दूसरी ओर, स्थानीय लोगों का कहना है कि सड़क की स्थिति में अपेक्षित सुधार अब तक देखने को नहीं मिला है।
अब सबसे बड़ा सवाल यह है कि जब सड़क अभी भी रखरखाव (Maintenance Period) के अंतर्गत है, तो क्षतिग्रस्त हिस्सों की समय पर मरम्मत क्यों नहीं हो रही? क्या संबंधित विभाग और कार्यदायी संस्था मानसून के दौरान संभावित जोखिम को देखते हुए स्थायी समाधान की दिशा में शीघ्र कदम उठाएंगे?
क्षेत्र के ग्रामीणों ने संबंधित विभाग से सड़क का निरीक्षण कर आवश्यक मरम्मत एवं सुरक्षा कार्य शीघ्र कराने की मांग की है, ताकि बरसात के मौसम में लोगों को परेशानी का सामना न करना पड़े। रिपोर्ट: हर्षित मेहरा, डीडीहाट | vaninews.in


