पिथौरागढ़। डॉन बॉस्को स्कूल, पिथौरागढ़ में कक्षा 1 से 5 तक के बच्चों के अभिभावकों के लिए पेरेंटिंग पर विशेष सत्र आयोजित किया गया। सत्र का उद्देश्य अभिभावकों को बच्चों की भावनात्मक जरूरतों, व्यवहार और उनके साथ बेहतर संवाद के तरीकों को समझने के लिए जागरूक करना रहा।

कार्यक्रम में स्पेशल एजुकेटर लक्ष्मी कुशवाहा मुख्य वक्ता रहीं। उन्होंने अभिभावकों से बच्चों के साथ संवाद, उनकी भावनाओं को समझने तथा उनके व्यक्तित्व विकास में परिवार की भूमिका को लेकर महत्वपूर्ण बातें साझा कीं। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि अभिभावक बच्चों को केवल निर्देश देने के बजाय उनकी बात सुनें और उनके अनुभवों को समझने का प्रयास करें।

सत्र को और अधिक संवादात्मक बनाते हुए बच्चों ने भी अपने जीवन के अनुभव साझा किए। बच्चों की बातों से अभिभावकों को यह समझने का अवसर मिला कि वे अपने व्यवहार और अपेक्षाओं को बच्चों की नजर से भी देखें।

वहीं, अभिभावकों ने भी अपनी पेरेंटिंग के अच्छे और चुनौतीपूर्ण अनुभव साझा किए। इस दौरान परिवार में बच्चों के साथ होने वाले संवाद, अनुशासन, भावनात्मक जुड़ाव और रोजमर्रा की चुनौतियों पर खुलकर चर्चा हुई।

कार्यक्रम में फादर संजीव कुमार, प्रधानाचार्य अनिता मेंडोंका सहित विद्यालय के अन्य शिक्षक उपस्थित रहे। विद्यालय की ओर से अभिभावकों को इस तरह के संवादात्मक कार्यक्रमों में सक्रिय भागीदारी के लिए प्रोत्साहित किया गया।

यह सत्र केवल अभिभावकों के लिए मार्गदर्शन का माध्यम नहीं रहा, बल्कि बच्चों और माता-पिता के बीच बेहतर समझ और संवाद की दिशा में एक उपयोगी पहल के रूप में सामने आया। _ vaninews