पिथौरागढ़। जौलजीबी–तल्लाबगड़–झूलाघाट मोटर मार्ग पर बगड़ी गांव के पास स्थित प्राचीन नाग मंदिर (स्यापढूगा) का पुनर्निर्माण अब तक नहीं होने से स्थानीय लोगों में गहरा रोष व्याप्त है। ग्रामीणों का आरोप है कि पिछले वर्ष सड़क चौड़ीकरण कार्य के दौरान प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना (PMGSY) के अंतर्गत कार्य कर रहे विभाग और ठेकेदार द्वारा मंदिर को ध्वस्त कर दिया गया था।

स्थानीय लोगों के अनुसार, उस समय विभागीय अधिकारियों, ठेकेदार तथा जनप्रतिनिधियों की मौजूदगी में लिखित रूप से आश्वासन दिया गया था कि मंदिर का पुनर्निर्माण ठेकेदार द्वारा कराया जाएगा। बताया गया कि KM Engineering Company की ओर से 7 दिसंबर 2025 को पुनर्निर्माण संबंधी पत्र भी जारी किया गया था, लेकिन कई महीने बीत जाने के बावजूद मंदिर निर्माण का कार्य शुरू नहीं किया गया।

ग्रामीणों का कहना है कि मंदिर क्षेत्र अभी भी असुरक्षित स्थिति में है और सावन माह के दौरान पूजा-अर्चना के लिए आने वाले श्रद्धालुओं को भारी निराशा का सामना करना पड़ रहा है। उनका कहना है कि यह केवल एक धार्मिक स्थल का मामला नहीं, बल्कि स्थानीय लोगों की आस्था और सांस्कृतिक विरासत से जुड़ा विषय है।

स्थानीय लोगों ने ठेकेदार, संबंधित विभाग तथा शासन-प्रशासन से मांग की है कि मंदिर का पुनर्निर्माण शीघ्र कराया जाए और पूर्व में दिए गए लिखित आश्वासन का पालन किया जाए। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही निर्माण कार्य शुरू नहीं किया गया तो वे आंदोलन सहित उचित लोकतांत्रिक कार्रवाई करने के लिए बाध्य होंगे।

ग्रामीणों का कहना है कि विकास कार्यों के साथ-साथ धार्मिक और सांस्कृतिक धरोहरों का संरक्षण भी उतना ही आवश्यक है तथा प्रशासन को इस मामले में तत्काल हस्तक्षेप करना चाहिए।