पिथौरागढ़। सीमावर्ती क्षेत्रों में सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने और ग्रामीणों की समस्याओं का त्वरित समाधान सुनिश्चित करने के उद्देश्य से पिथौरागढ़ पुलिस ने विशेष जन-जागरूकता अभियान चलाया। अभियान के तहत जाजरदेवल थाना पुलिस ने वाइब्रेंट विलेज के रूप में चयनित ग्राम हल्दू में चौपाल आयोजित कर ग्रामीणों से सीधा संवाद स्थापित किया।
थानाध्यक्ष प्रकाश पाण्डे के नेतृत्व में आयोजित कार्यक्रम में चौकी प्रभारी वड्डा उपनिरीक्षक आशीष रावत एवं पुलिस टीम ने बुजुर्गों, महिलाओं और ग्रामीणों से मुलाकात कर उनकी स्वास्थ्य संबंधी, व्यक्तिगत तथा विभागीय समस्याओं की जानकारी ली। पुलिस अधिकारियों ने समस्याओं के त्वरित समाधान का भरोसा दिलाते हुए आमजन से पुलिस के साथ निरंतर संवाद बनाए रखने की अपील की।
चौपाल के दौरान महिलाओं के विरुद्ध अपराध, घरेलू हिंसा, बढ़ते साइबर अपराधों और ऑनलाइन ठगी से बचाव के उपायों की विस्तृत जानकारी दी गई। साथ ही युवाओं को नशे के दुष्प्रभावों से अवगत कराया गया तथा अवैध रूप से भांग की खेती नहीं करने के लिए प्रेरित किया गया। आपात स्थिति में तत्काल सहायता के लिए पुलिस हेल्पलाइन 112 और विशेष मोबाइल नंबर 9411112982 की जानकारी भी ग्रामीणों को उपलब्ध कराई गई।
इसी अभियान के अंतर्गत जाजरदेवल पुलिस ने ग्राम हल्दू, जमतड़ी एवं आसपास के अंतरराष्ट्रीय सीमा क्षेत्रों में सशस्त्र सीमा बल (एसएसबी) के साथ संयुक्त गश्त एवं कॉम्बिंग अभियान भी चलाया। अभियान का उद्देश्य सीमा क्षेत्र में संदिग्ध व्यक्तियों और गतिविधियों पर कड़ी निगरानी रखना, सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक मजबूत बनाना तथा सीमांत गांवों के लोगों में सुरक्षा का विश्वास बढ़ाना था।
पुलिस एवं एसएसबी की संयुक्त टीम ने ग्रामीणों से अपील की कि यदि क्षेत्र में कोई संदिग्ध व्यक्ति, वस्तु या गतिविधि दिखाई दे तो उसकी सूचना तत्काल पुलिस को दें, ताकि समय रहते आवश्यक कार्रवाई की जा सके। पिथौरागढ़ पुलिस का यह अभियान सीमांत क्षेत्रों में जनसंपर्क, जागरूकता और सुरक्षा को सुदृढ़ बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है।


